भारतीय जैन संगठना छत्तीसगढ़, भगवान महावीर विकलांग सेवा समिति जयपुर एवं भारतीय जैन संघटना छत्तीसगढ़ के संयुक्त तत्वावधान में 23 से 26 सितंबर तक पीजी कॉलेज डोम, कवर्धा में निःशुल्क दिव्यांग सेवा शिविर आयोजित
भारतीय जैन संगठना छत्तीसगढ़, भगवान महावीर विकलांग सेवा समिति जयपुर एवं भारतीय जैन संघटना छत्तीसगढ़ के संयुक्त तत्वावधान में 23 से 26 सितंबर तक पीजी कॉलेज डोम, कवर्धा में निःशुल्क दिव्यांग सेवा शिविर आयोजित
कवर्धा। चलने-फिरने में परेशानी हो, सुनने में कठिनाई हो या फिर कृत्रिम हाथ-पैर की जरूरत—ऐसे जरूरतमंद दिव्यांगजनों के जीवन में आत्मनिर्भरता और नई उम्मीद जगाने के लिए कवर्धा में बड़ा सेवा अभियान आयोजित किया जा रहा है। भारतीय जैन संगठना छत्तीसगढ़, भगवान महावीर विकलांग सेवा समिति जयपुर एवं भारतीय जैन संघटना छत्तीसगढ़ के संयुक्त तत्वावधान में 23 से 26 सितंबर तक पीजी कॉलेज डोम, कवर्धा में निःशुल्क दिव्यांग सेवा शिविर लगाया जाएगा। शिविर में विशेषज्ञ परीक्षण के बाद जरूरत के अनुरूप सहायक उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे।
शिविर में पहुंचने वाले दिव्यांगजनों की शारीरिक स्थिति और आवश्यकता का परीक्षण किया जाएगा। इसके बाद संबंधित सहायक उपकरण के लिए आवश्यक माप लिया जाएगा। जरूरत के अनुरूप उपकरण तैयार कर लाभार्थियों को उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाएगी। इसका उद्देश्य प्रत्येक व्यक्ति की वास्तविक जरूरत के अनुसार उपयोगी सहायता पहुंचाना है।
इन उपकरणों से मिलेगा जीवन को नया सहारा
शिविर के माध्यम से बैसाखी, ट्राइसाइकिल, कैलिपर्स, कृत्रिम हाथ-पैर, श्रवण यंत्र, व्हीलचेयर और वॉकर जैसे सहायक उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे। कृत्रिम अंग और कैलिपर्स चलने-फिरने में कठिनाई झेल रहे लोगों के लिए सहायक होंगे, वहीं व्हीलचेयर और ट्राइसाइकिल से आवागमन आसान हो सकेगा। श्रवण यंत्र सुनने में परेशानी से जूझ रहे लोगों के लिए उपयोगी साबित होंगे। वॉकर और बैसाखी दैनिक गतिविधियों में सहारा प्रदान करेंगे।
पिछले कुछ वर्षों से लगातार जारी है सेवा
भारतीय जैन संगठना की ओर से पिछले कुछ वर्षों से जरूरतमंद दिव्यांगजनों के लिए यह सेवा लगातार संचालित की जा रही है। संगठन का प्रयास केवल उपकरण उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि दिव्यांगजनों को अधिक आत्मनिर्भर बनाकर उनके दैनिक जीवन की कठिनाइयों को कम करना भी इसका प्रमुख उद्देश्य है। इस बार भी अधिक से अधिक पात्र और जरूरतमंद लोगों तक सेवा पहुंचाने की तैयारी की गई है।
पंजीयन के लिए ये दस्तावेज जरूरी
शिविर में आने वाले दिव्यांगजनों को दो फोटो और आधार कार्ड की फोटोकॉपी साथ लानी होगी। अलग अलग एरिया से दिव्यांग जनों को निर्धारित दिन में बुलाने की व्यस्व्यस्था की जा रही है जिनका कार्य उसी दिन पूर्ण नहीं हो सकेगा उनके लिए भोजन और आवास की व्यवस्था शिविर स्थल पर होगी। आयोजकों ने जरूरतमंदों से निर्धारित तिथियों में पहुंचकर परीक्षण और पंजीयन प्रक्रिया पूरी कराने की अपील की है।
जिला प्रशासन एवं समाज कल्याण विभाग, कबीरधाम तथा सकल जैन समाज, कवर्धा के विशेष सहयोग से आयोजित शिविर से भारतीय जैन संघटना, छत्तीसगढ़ के विजय गंगवाल सीए विकास गोलछा और डॉ. अतुल जैन जुड़े हैं। भारतीय जैन संगठन, कवर्धा संभाग से अमित बरडिया और विकास सेठिया तथा भारतीय जैन संगठना कवर्धा चैप्टर से सुनील लूनिया, अभिषेक पारख, नयन झाबक, रितु बरडिया और पूजा बांठिया एवं सभी साथी आयोजन में शामिल हैं। संपर्क के लिए प्रतीक लूनिया, अनिल लूनिया और राजा श्रीश्रीमाल के नाम दिए गए हैं।
डॉ. अतुल जैन, प्रदेश संयोजक, राज्य सेवा प्रभाग, छत्तीसगढ़ ने कहा, भारतीय जैन संगठन छत्तीसगढ़ की यह सेवा पिछले कुछ वर्षों से लगातार जारी है। हमारा प्रयास जरूरतमंद दिव्यांगजनों को उनकी वास्तविक आवश्यकता के अनुरूप सहायक उपकरण उपलब्ध कराकर आत्मनिर्भर बनाना है। विशेषज्ञ परीक्षण के आधार पर सहायता दी जाएगी, ताकि अधिक से अधिक पात्र लोगों के जीवन में सकारात्मक और वास्तविक बदलाव आ सके।






